कपिल सांखला, संवाददाता, जोधपुर
जोधपुर नकली घी कारोबार दिनों-दिन इतना सक्रिय होता जा रहा है कि शहर अब इस अवैध व्यापार का बड़ा केंद्र बनता दिखाई दे रहा है। हाल के महीनों में मंडोर कृषि मंडी से लेकर शहर के अन्य हिस्सों तक लगातार नकली घी की शिकायतें मिल रही थीं। यह सिर्फ खाद्य धोखाधड़ी नहीं, बल्कि आम जनता के स्वास्थ्य के साथ सीधा खिलवाड़ है।
सूरसागर में 345 लीटर नकली घी की बड़ी बरामदगी
मंडोर मंडी में कार्रवाई के बाद अब जोधपुर के सूरसागर क्षेत्र में भी जोधपुर नकली घी कारोबार की एक और परत खुली है। पुलिस ने 23 डिब्बों में भरा लगभग 345 लीटर नकली क्षीर ब्रांड घी बरामद किया है। यह बरामदगी इस बात का स्पष्ट प्रमाण है कि नकली घी का नेटवर्क शहर में गहराई से फैल चुका है।
पुलिस को कैसे मिली शिकायतें?
क्षेत्र में लंबे समय से नकली घी बेचने की शिकायतें मिल रही थीं। कई उपभोक्ताओं ने स्वाद, गंध और गुणवत्ता पर सवाल उठाए, जिसके बाद पुलिस ने पुख्ता जानकारी जुटाई और कार्रवाई का निर्णय लिया। सतर्कता और जनता की सूचना के आधार पर ही यह बड़ा खुलासा हो पाया।
सस्ता बनता नकली घी, महंगे दामों में बेचा जाता
जांच में चौंकाने वाली जानकारी सामने आई कि यह नकली घी 200–250 रुपये प्रति लीटर की लागत में तैयार किया जाता है, जबकि इसे बाजार में 500–700 रुपये प्रति लीटर तक बेचा जाता है। इसका मतलब—
शुद्ध घी के नाम पर जनता से बड़ी ठगी
स्वास्थ्य को भारी नुकसान
काला बाजार और अवैध मुनाफाखोरी का खुला खेल
जोधपुर नकली घी कारोबार के पीछे मोटा मुनाफा ही सबसे बड़ा कारण बनकर उभर रहा है।
थाना अधिकारी हरीश सोलंकी का बयान
सूरसागर थाना अधिकारी हरीश सोलंकी ने बताया कि कार्रवाई मावड़ियों की घाटी क्षेत्र में की गई। यहां बड़ी मात्रा में क्षीर ब्रांड का नकली घी तैयार और संग्रहित किया जा रहा था।
पुलिस को मौके से—
23 डब्बे नकली घी
पैकिंग सामग्री
बिक्री से जुड़े प्रमाण
बरामद हुए हैं।
आरोपी की गिरफ्तारी और आगे की जांच
पुलिस ने मौके से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। उससे पूछताछ के आधार पर अब जांच की जा रही है कि:
-
यह घी कहाँ तैयार होता था?
-
कच्चा माल कहाँ से आता था?
-
किन दुकानों पर सप्लाई की जाती थी?
-
इसमें और कौन-कौन शामिल हैं?
स्पष्ट है कि जोधपुर नकली घी कारोबार एक संगठित गिरोह की तरह काम कर रहा है, और आगे और भी खुलासे होने की संभावना है।
जोधपुर नकली घी कारोबार क्यों बढ़ रहा है?
इस ग़ैरकानूनी व्यापार के फैलने के कई कारण सामने आए हैं—
-
शुद्ध घी के बढ़ते दाम
-
सरकारी निगरानी की कमी
-
खाद्य सुरक्षा विभाग की ढीली कार्रवाई
-
अवैध मुनाफाखोरी का लालच
-
जागरूकता की कमी
इन सभी ने मिलकर अपराधियों के लिए एक आसान मार्केट तैयार कर दिया है।
आम जनता पर इसका असर
नकली घी का सेवन स्वास्थ्य पर गंभीर प्रभाव डाल सकता है—
-
पेट संबंधी बीमारियाँ
-
फूड पॉयजनिंग
-
लिवर डैमेज
-
हृदय रोगों का खतरा बढ़ना
यह खेल सिर्फ आर्थिक नहीं बल्कि समुदाय के स्वास्थ्य के लिए बड़ा खतरा है।
जरूरत सख्त कानून और निगरानी की
लगातार सामने आ रहे मामलों को देखते हुए अब यह जरूरी हो गया है कि:
-
खाद्य विभाग की नियमित जांच हो
-
बाजारों में घी के नमूने लिए जाएँ
-
दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो
-
उपभोक्ताओं में जागरूकता फैलाई जाए
जोधपुर नकली घी कारोबार को रोकने के लिए प्रशासन, समाज और उपभोक्ताओं तीनों को मिलकर आगे आना होगा।
सूरसागर से हुई 345 लीटर नकली घी की बरामदगी ने एक बार फिर चेतावनी दी है कि जोधपुर में नकली खाद्य पदार्थों का खतरा बढ़ता जा रहा है। मंडोर मंडी के बाद यह दूसरी बड़ी कार्रवाई है, जिससे साबित होता है कि यह नेटवर्क गहरा है और बड़े पैमाने पर सक्रिय है। पुलिस की कार्रवाई सराहनीय है, लेकिन यह लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई।
शहर को बचाने के लिए निरंतर निगरानी और कड़े कानूनों की जरूरत है।
सोशल मीडिया पर हमें फॉलो करें
क्रिकेट, स्पोर्ट्स और देश-दुनिया की लेटेस्ट खबरों के लिए हमारे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को फॉलो करना न भूलें:
Instagram:
https://instagram.com/enewsbharat
Facebook:
https://facebook.com/enewsbharat
YouTube (Subscribe):
https://youtube.com/@enewsbharat
यहां आपको मिलेंगे लाइव अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज़, शॉर्ट वीडियो, एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, मैच प्रीव्यू और रिव्यू
eNewsBharat के साथ जुड़े रहें
देश-विदेश के स्पोर्ट्स और सभी बड़ी घटनाओं की पल–पल की खबरें पाने के लिए eNewsBharat को लगातार विज़िट करते रहें। .
आपका भरोसा ही हमारी ताकत है — हम आगे भी आपको सबसे तेज़ और सटीक खबरें पहुंचाते रहेंगे।
अधिक खबरों के लिए पढ़ें -> eNews-bharat
#Jodhpur #NakliGhee #PoliceRaid #RajasthanNews #BreakingNews #JodhpurUpdate #RajasthanUpdate #PoliceRaid #IllegalTrade #HealthRisk #ENewsBharat #ENewsRajasthan





