बेंगलुरु/पणजी | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार को कर्नाटक पहुंचे और उन्होंने उडुपी में भव्य रोड शो किया। सुबह करीब 11 बजे पीएम मोदी का आगमन हुआ, जिसके बाद उन्होंने करीब तीन किलोमीटर लंबा रोड शो किया। रोड शो के दौरान हजारों लोगों ने मोदी का गर्मजोशी से स्वागत किया और उन्होंने हाथ हिलाकर उपस्थित लोगों को अभिवादन किया। सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे और पूरे मार्ग पर पुलिस और अर्धसैनिक बल तैनात थे। मोदी के आगमन के साथ ही शहर के कई हिस्सों में उत्साह और भक्तिभाव की लहर दौड़ गई। रोड शो के दौरान शहर के मुख्य मार्गों पर भारी भीड़ जमा रही और स्थानीय लोगों ने प्रधानमंत्री का उत्साहपूर्वक स्वागत किया।

उडुपी में श्री कृष्ण मठ में आयोजित भक्ति सभा और गीता पाठ
रोड शो के बाद प्रधानमंत्री मोदी श्री कृष्ण मठ पहुंचे, जहां उन्होंने भक्ति सभा में भाग लिया। इस सभा में एक लाख से अधिक लोगों ने एक साथ श्रीमद्भगवद गीता का पाठ किया। मोदी ने गीता के संदेशों का महत्व बताते हुए कहा कि गीता जीवन में धर्म, कर्म और सामाजिक जिम्मेदारी के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है। इस अवसर पर मोदी ने उडुपी में सुवर्ण तीर्थ मंडप का उद्घाटन किया और पवित्र कनकना किंडी के लिए तैयार स्वर्ण कवच को समर्पित किया। भक्तिपूर्ण माहौल में यह कार्यक्रम अत्यंत उल्लासपूर्ण रहा और उपस्थित लोगों ने प्रधानमंत्री के भाषण को बड़ी श्रद्धा और ध्यान से सुना।
गोवा में 77 फीट ऊंची भगवान श्रीराम प्रतिमा का अनावरण
शाम को प्रधानमंत्री मोदी गोवा के कैनाकोना स्थित श्री संस्थान गोकर्ण जीवोत्तम मठ जाएंगे, जहां वे भगवान श्रीराम की 77 फीट ऊंची कांस्य प्रतिमा का अनावरण करेंगे। यह प्रतिमा दुनिया की सबसे ऊंची श्रीराम प्रतिमा मानी जा रही है और इसका निर्माण प्रसिद्ध मूर्तिकार राम सुतार ने किया है। राम सुतार ने गुजरात में स्टैच्यू ऑफ यूनिटी का निर्माण भी किया है। प्रधानमंत्री इस अवसर पर विशेष स्मारक डाक टिकट और सिक्का भी जारी करेंगे। इसके साथ ही मठ द्वारा विकसित ‘रामायण थीम पार्क गार्डन’ का उद्घाटन भी किया जाएगा, जो श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र होगा।

कैनाकोना मठ और धार्मिक महत्व
कैनाकोना मठ गौड़ सारस्वत ब्राह्मण वैष्णव परंपरा का प्रमुख केंद्र माना जाता है। यह द्वैत क्रम का अनुसरण करता है और मठ का मुख्यालय परतगली कस्बे में, कुशावती नदी के किनारे स्थित है। मठ धार्मिक यात्रियों के लिए महत्वपूर्ण केंद्र है और यह क्षेत्र मानसरोवर यात्रा के मार्ग से भी जुड़ा है। प्रधानमंत्री मोदी ने मठ पहुंचकर स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं से बातचीत की। उन्होंने कहा कि भारत की संस्कृति, धर्म और परंपरा को संजोना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। प्रधानमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि सरकार धार्मिक और सांस्कृतिक स्थलों के संरक्षण में हमेशा सक्रिय रहेगी।
सुरक्षा और तैयारियों का पूरा इंतजाम
प्रधानमंत्री मोदी के दौरे को लेकर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। रोड शो और कार्यक्रम स्थल पर पुलिस, अर्धसैनिक बल और स्पेशल सिक्योरिटी टीमों की भारी तैनाती की गई है। इसके अलावा, हेलीकॉप्टर और ड्रोन से निगरानी भी की जा रही है। मोदी के इस दौरे का धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक दृष्टि से महत्व काफी अधिक है। कर्नाटक और गोवा के लोग प्रधानमंत्री की उपस्थिति में उत्साहित हैं और दोनों कार्यक्रमों को देशभर में ध्यानपूर्वक देखा जा रहा है।





