पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के कार्यकाल में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) रहे जॉन बोल्टन पर गोपनीय दस्तावेजों के गलत इस्तेमाल और लीक करने के 18 आरोप तय किए गए हैं। इन आरोपों में 8 आरोप राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी जानकारी शेयर करने के हैं और 10 आरोप संवेदनशील दस्तावेज अपने पास रखने के हैं।
अमेरिकी मीडिया के अनुसार, बोल्टन ने ट्रम्प प्रशासन में काम करते वक्त अपनी डायरी और नोट्स AOL ईमेल अकाउंट में सेव की थीं। जांच एजेंसियों का कहना है कि इन नोट्स में राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी संवेदनशील जानकारी थी, जिसे उन्होंने परिवार और खुद को ईमेल किया।
यदि बोल्टन दोषी पाए गए, तो उन्हें आजीवन कारावास तक की सजा हो सकती है।

ईमेल हैक और सुरक्षा मुद्दे
2021 में बोल्टन का ईमेल अकाउंट ईरानी हैकर्स द्वारा हैक कर लिया गया था। हैकर्स ने धमकी दी थी कि यदि बोल्टन के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई, तो वे जानकारी लीक कर देंगे। इसके बाद FBI ने 2022 में औपचारिक जांच शुरू की।
जांच में पाया गया कि बोल्टन ने अपनी डायरी में संवेदनशील सरकारी जानकारी शामिल की, जिसे बाद में उनकी किताब द रूम व्हेयर इट हैप्पंड की नींव बनाया गया।
भारत और ट्रम्प के खिलाफ बयान
बोल्टन ने अगस्त में CNN को दिए इंटरव्यू में भारत पर लगाए गए 50% टैरिफ को ‘भारी भूल’ बताया। उन्होंने कहा कि अमेरिका भारत को रूस और चीन से दूर रखने की कोशिश कर रहा था, लेकिन ट्रम्प प्रशासन की नीति ने इस प्रयास को कमजोर किया।
उन्होंने यह भी कहा कि ट्रम्प और पीएम मोदी के बीच पहले की खास दोस्ती अब खत्म हो गई है। ब्रिटिश मीडिया LBC को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि ट्रम्प की नीति अमेरिका-भारत संबंधों को दशकों पीछे ले गई, जिससे मोदी रूस और चीन के करीब आए।
ट्रम्प की प्रतिक्रिया और पूर्व विवाद
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प ने बोल्टन पर आरोप तय होने के बाद कहा कि बोल्टन “बुरा आदमी” हैं। बोल्टन ने ट्रम्प प्रशासन में 2018-2019 तक कार्य किया और दोनों के बीच कई मतभेद रहे। इस्तीफा देने के बाद बोल्टन ने ट्रम्प की नीतियों की कड़ी आलोचना की और किताब लिखी, जिसे ट्रम्प ने चुनाव से पहले रोकने की कोशिश की थी।
बोल्टन के वकील का कहना है कि डायरी रखना अपराध नहीं है और दस्तावेज पहले से FBI रिकॉर्ड में दर्ज थे।
बाइडेन प्रशासन में दोबारा जांच
बोल्टन के खिलाफ दूसरी जांच पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडेन के कार्यकाल में शुरू हुई। FBI ने 2022 में औपचारिक जांच की। घर की तलाशी में कई प्रिंटेड गोपनीय दस्तावेज मिले।
बोल्टन के पास व्हाइट हाउस में SCIF सुविधा थी, जहां संवेदनशील दस्तावेज रखे जा सकते थे। लेकिन 2019 में यह सुविधा हटाई गई और उन्हें निर्देश दिया गया कि कोई क्लासिफाइड जानकारी घर या ईमेल में न रखें।
बोल्टन ने आरोपों को ट्रम्प का बदला बताया और कहा कि वे कानूनी तौर पर अपने खिलाफ लगे झूठे आरोपों का जवाब देंगे।





