टोंक, संवाददाता: केशव
Tonk Hospital Inspection जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश दिनेश जलथुरिया द्वारा किया गया एक औचक निरीक्षण था। यह निरीक्षण जनाना अस्पताल टोंक में सफाई, व्यवस्था और मरीजों को मिलने वाली बुनियादी सुविधाओं की जांच के लिए किया गया।
जनाना अस्पताल में मिली गंदगी और अव्यवस्था
निरीक्षण के दौरान एडीजे जलथुरिया ने पाया कि अस्पताल परिसर, वार्ड और मरीज कक्षों में सफाई व्यवस्था बेहद खराब हालत में थी। कई स्थानों पर कचरा फैला हुआ था ,मरीजों के वार्ड में बदबू और गंदगी थी, शौचालयों में स्वच्छता मानकों का पालन नहीं हो रहा था, यह स्थिति Tonk Hospital Inspection के दौरान सबसे गंभीर पाई गई।
एडीजे दिनेश जलथुरिया की कड़ी प्रतिक्रिया
गंदगी और अनियमितता देखकर एडीजे जलथुरिया नाराज़ हो उठे। उन्होंने अस्पताल प्रशासन से जवाब मांगते हुए कहा कि ऐसी लापरवाही बिल्कुल अस्वीकार्य है। उन्होंने स्पष्ट कहा— “अस्पताल में स्वच्छता सर्वोपरि है। मरीजों की जिंदगी इससे जुड़ी होती है।”
अस्पताल स्टाफ को दिए गए निर्देश
निरीक्षण के बाद स्टाफ को तुरंत सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश जारी किए गए— रोजाना सफाई का रिकॉर्ड बनाए जाए, वार्ड बॉय और सफाईकर्मी अपनी ड्यूटी समय पर करें, अस्पताल के हर हिस्से में हाइजीन का पालन हो, मरीजों की सुविधा को प्राथमिकता दी जाए, Tonk Hospital Inspection के बाद प्रशासन को निर्देशों की अनिवार्य पालना करने को कहा गया।
मरीजों और परिजनों से की गई अपील
एडीजे जलथुरिया ने मरीजों और उनके परिजनों से भी सहयोग की अपील की। उन्होंने कहा— “सफाई सिर्फ अस्पताल स्टाफ की जिम्मेदारी नहीं, मरीजों के परिजन भी स्वच्छता बनाए रखने में सहयोग करें।” इस अपील का उद्देश्य अस्पताल की समग्र स्वच्छता को बेहतर बनाना था।
अस्पतालों में स्वच्छता क्यों जरूरी है?
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, अस्पतालों में साफ-सफाई सीधे संक्रमण रोकथाम से जुड़ी होती है। स्वच्छता की कमी से— मरीजों में इन्फेक्शन फैल सकता है, नवजात बच्चों और गर्भवती महिलाओं पर खतरा बढ़ जाता है, रोगों का प्रसार तेजी से बढ़ता है,
जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की वास्तविक स्थिति
Tonk Hospital Inspection इस बात का संकेत है कि जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को सुधारने की जरूरत है। कई अस्पतालों में स्टाफ की कमी है, स्वच्छता व्यवस्था कमजोर है, निगरानी तंत्र में सुधार की आवश्यकता है, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ऐसे निरीक्षणों के माध्यम से इन खामियों पर कार्रवाई सुनिश्चित करता है।
Tonk Hospital Inspection ने एक बार फिर प्रशासनिक लापरवाही को उजागर किया। एडीजे दिनेश जलथुरिया की कड़ी कार्रवाई और निर्देशों से उम्मीद है कि जनाना अस्पताल में स्वच्छता व्यवस्था जल्द सुधरेगी। स्वास्थ्य सेवाएं तभी प्रभावी हो सकती हैं जब अस्पतालों में स्वच्छता और अनुशासन को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।
सोशल मीडिया पर हमें फॉलो करें
जीएसटी फ़्रौड, दुर्घटनाओ, राजनीतिक खबरों , क्रिकेट, स्पोर्ट्स और देश-दुनिया की लेटेस्ट खबरों के लिए हमारे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को फॉलो करना न भूलें:
Instagram:
Facebook:
YouTube (Subscribe):
X (Twitter):
यहां आपको मिलेंगे लाइव अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज़, शॉर्ट वीडियो, एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, मैच प्रीव्यू और रिव्यू
eNewsBharat के साथ जुड़े रहें
देश-विदेश के जीएसटी फ़्रौड ,सूचनाओ ,स्पोर्ट्स सभी बड़ी घटनाओं की पल–पल की खबरें पाने के लिए eNewsBharat को लगातार विज़िट करते रहें। आपका भरोसा ही हमारी ताकत है — हम आगे भी आपको सबसे तेज़ और सटीक खबरें पहुंचाते रहेंगे।
अधिक खबरों के लिए पढ़ें -> eNews-bharat
#TonkNews #HospitalInspection #CleanlinessDrive #MedicalNegligence #RajasthanNews #ADJDineshJalthuria #HealthUpdate #ENewsBharat #BreakingNews #enewsbharat #enewsrajasthan